इंडिगो ऑपरेशन पर असर: DGCA ने 5% उड़ानें घटाईं, यात्रियों की दिक्कतें बढ़ेंगी

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DGCA का बड़ा फैसला: इंडिगो की उड़ानों में 5% कटौती, रोज़ 110 फ्लाइट्स कम होंगी

देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो पर परिचालन दबाव लगातार बढ़ने के बाद नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने बड़ा कदम उठाया है। DGCA ने एयरलाइन की उड़ानों में 5 प्रतिशत कटौती का निर्देश दिया है। इंडिगो फिलहाल रोजाना लगभग 2,200 उड़ानें संचालित करती है, ऐसे में अब करीब 110 फ्लाइट्स प्रतिदिन कम हो जाएंगी।

अधिकारिक सूत्रों का कहना है कि एयरलाइन को इस संबंध में औपचारिक रूप से सूचित कर दिया गया है। किन-किन रूट्स पर कटौती होगी, इसकी विस्तृत सूची तैयार की जा रही है ताकि कनेक्टिविटी पर न्यूनतम असर पड़े।

कौन-सी फ्लाइट्स रद्द होंगी? सूची तैयार की जा रही है

सूत्रों के अनुसार, DGCA ने इंडिगो को उन उड़ानों की लिस्ट बनाने के निर्देश दिए हैं, जिन्हें अस्थायी रूप से कम किया जाएगा। प्राथमिकता यह है कि—

  • आवश्यक रूट प्रभावित न हों
  • हाई-डिमांड सेक्टर्स पर न्यूनतम असर पड़े
  • यात्रियों के लिए कनेक्टिविटी बड़े पैमाने पर बाधित न हो

यह भी संभव है कि आने वाले हफ्तों में अतिरिक्त 5 प्रतिशत उड़ानें और कम करनी पड़ें। यह इस बात पर निर्भर करेगा कि इंडिगो समय पर कितनी उड़ानें संचालित करने में सक्षम रहती है।

नए नियमों की तैयारी अधूरी, बढ़ा संकट

गर्मियों के लिए इंडिगो को 14,158 साप्ताहिक घरेलू उड़ानों की अनुमति मिली थी। वहीं 26 अक्टूबर से लागू हुए विंटर शेड्यूल में दैनिक घरेलू उड़ानों की संख्या बढ़कर 15,014 हो गई—यानी करीब 6% की वृद्धि।

इसी अवधि में 1 नवंबर से नई फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिट (FDTL) लागू होनी थी, जिसके बाद अधिक पायलटों की जरूरत पड़नी थी। हालांकि, इंडिगो इस बदलाव के लिए पर्याप्त तैयारी नहीं कर सकी। इसी कारण:

  • नवंबर में उड़ानों की सीमित संख्या रद्द हुई
  • लेकिन दिसंबर के पहले सप्ताह तक यह समस्या गंभीर संकट में बदल गई
  • कई दिनों में सैकड़ों फ्लाइट्स प्रतिदिन रद्द करनी पड़ीं
  • यही स्थिति DGCA को हस्तक्षेप करने के लिए मजबूर करने वाली मुख्य वजह बनी।
  • एविएशन मंत्री की सख्त प्रतिक्रिया

एविएशन मिनिस्टर राम मोहन नायडू ने इंडिगो की अस्थिर परिचालन स्थिति पर गंभीर चिंता जताई। उन्होंने वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की और एयरलाइन की तैयारियों पर सख्त टिप्पणी की।

नायडू ने ‘X’ पर कहा कि सरकार और DGCA 3 दिसंबर से देशभर के हवाई अड्डों पर स्थिति की लगातार मॉनिटरिंग कर रहे हैं। उन्होंने इसे “असाधारण परिस्थितियों” बताते हुए कहा कि मंत्रालय यात्रियों की असुविधा को प्राथमिकता में रखकर काम कर रहा है।

  • हवाई अड्डों का निरीक्षण, यात्रियों से सीधा फीडबैक
  • मंत्री ने सभी वरिष्ठ अधिकारियों को विभिन्न हवाई अड्डों का दौरा करने का निर्देश दिया है, ताकि:
  • इंडिगो परिचालन की वास्तविक स्थिति की समीक्षा हो सके
  • ग्राउंड स्टाफ, शेड्यूलिंग और यात्री सेवाओं की गुणवत्ता जाँची जा सके
  • यात्रियों से सीधे फीडबैक लेकर समस्याओं को तुरंत दूर किया जा सके

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