सावधान! LPG बुकिंग में साइबर ठगों का नया तरीका, पुलिस अलर्ट

3

गैस बुकिंग के बहाने साइबर ठगी का खतरा, पुलिस ने जारी किया अलर्ट

पश्चिम एशिया में जारी तनाव का असर अब भारत की गैस आपूर्ति पर भी दिखने लगा है। संभावित किल्लत के बीच बुकिंग प्रक्रिया में बदलाव किए गए हैं—और इसी का फायदा उठाकर साइबर ठग सक्रिय हो गए हैं। एलपीजी सिलेंडर और पीएनजी कनेक्शन के नाम पर लोगों को निशाना बनाया जा रहा है। पुलिस ने अनजान कॉल, मैसेज और संदिग्ध लिंक से सतर्क रहने की चेतावनी दी है।

सिटी एसपी Kumar Shivashish ने कहा कि अभी तक जिले में ऐसे मामलों की आधिकारिक शिकायत नहीं आई है, लेकिन खतरे को देखते हुए एहतियात जरूरी है।

ठगी का तरीका
ठग खुद को गैस एजेंसी का कर्मचारी बताकर कॉल करते हैं और बुकिंग की जानकारी लेते हैं। इसके बाद व्हाट्सऐप, एसएमएस या सोशल मीडिया के जरिए फर्जी लिंक भेजकर जल्द डिलीवरी का लालच दिया जाता है। लिंक पर क्लिक करते ही भुगतान सीधे ठगों के खाते में चला जाता है। कई मामलों में फोन का एक्सेस भी हैकर्स को मिल जाता है, जिससे बैंक खाते से पैसे निकाले जा सकते हैं।

गैस कंपनियों ने स्पष्ट किया है कि वे कभी भी किसी अनजान लिंक के जरिए भुगतान नहीं करवातीं। उपभोक्ताओं को केवल आधिकारिक वेबसाइट, ऐप या रजिस्टर्ड नंबर के जरिए ही बुकिंग करनी चाहिए।

ठगी के नए ट्रेंड
“Pay Now, Get Gas Tomorrow” जैसे मैसेज भेजकर एडवांस पेमेंट मांगा जा रहा है। सोशल मीडिया पर फर्जी विज्ञापन और कंपनियों के लोगो का इस्तेमाल कर लोगों को भ्रमित किया जा रहा है। पीएनजी कनेक्शन काटने की धमकी देकर भी ठगी के मामले सामने आ रहे हैं।

कैसे रहें सुरक्षित
किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें, बैंकिंग या निजी जानकारी साझा न करें और ओटीपी किसी के साथ न बांटें। किसी भी संदिग्ध कॉल की पहले पुष्टि करें। ठगी का शिकार होने पर तुरंत 1930 हेल्पलाइन पर कॉल करें या National Cyber Crime Reporting Portal पर शिकायत दर्ज कराएं। साथ ही नजदीकी साइबर थाने को सूचना देना न भूलें।

Comments are closed.