डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो में इबोला वायरस के दुर्लभ ‘बुंडिबुग्यो’ स्ट्रेन ने गंभीर स्वास्थ्य संकट खड़ा कर दिया है।
इस प्रकोप की चपेट में एक अमेरिकी डॉक्टर भी आ गया है, जबकि संक्रमण अब कांगो से निकलकर पड़ोसी Uganda तक फैल चुका है। बढ़ते खतरे को देखते हुए World Health Organization ने इसे ‘अंतरराष्ट्रीय चिंता का सार्वजनिक स्वास्थ्य आपातकाल’ घोषित किया है।
कांगो के इटुरी और नॉर्थ किवु प्रांतों में अब तक 300 से ज्यादा संदिग्ध मामले सामने आए हैं और 118 लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं युगांडा में भी इस संक्रमण से दो मौतों की पुष्टि हुई है। कांगो के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ बायो-मेडिकल रिसर्च के मेडिकल डायरेक्टर डॉ. जीन-जैक्स मुयेम्बे ने पुष्टि की कि इटुरी प्रांत की राजधानी बुनिया में संक्रमित पाए गए लोगों में एक अमेरिकी डॉक्टर भी शामिल है।
विशेषज्ञों का कहना है कि शुरुआती जांच के दौरान वायरस के गलत स्ट्रेन की पहचान की जा रही थी, जिसके कारण कई मामलों में फॉल्स नेगेटिव रिपोर्ट आईं और संक्रमण हफ्तों तक बिना पहचान के फैलता रहा। Georgetown University के सेंटर फॉर ग्लोबल हेल्थ पॉलिसी एंड पॉलिटिक्स के निदेशक मैथ्यू एम. कवानाघ ने कहा कि शुरुआती देरी ने संक्रमण को तेजी से फैलने का मौका दिया।
कांगो सरकार के अनुसार, इस प्रकोप से पहली मौत 24 अप्रैल को बुनिया में दर्ज की गई थी। इसके बाद संक्रमण बुनिया, गोमा, मोंगबवालू, बुटेम्बो और न्याकुंडे जैसे इलाकों तक फैल गया। स्वास्थ्य मंत्री सैमुअल-रोजर काम्बा ने बताया कि लगभग 350 संदिग्ध मामले दर्ज किए गए हैं, जिनमें ज्यादातर मरीज 20 से 39 वर्ष आयु वर्ग के हैं और 60 प्रतिशत से अधिक संक्रमित महिलाएं हैं।
सरकार ने प्रभावित इलाकों में तीन नए उपचार केंद्र खोलने की घोषणा की है। वहीं WHO ने मेडिकल विशेषज्ञों और जरूरी चिकित्सा सामग्री की तैनाती शुरू कर दी है।
बुंडिबुग्यो स्ट्रेन इबोला वायरस का बेहद दुर्लभ रूप है। 1976 के बाद से कांगो और युगांडा में इबोला के 20 से ज्यादा प्रकोप सामने आ चुके हैं, लेकिन यह केवल तीसरी बार है जब इस स्ट्रेन का पता चला है। फिलहाल इस स्ट्रेन के लिए कोई स्वीकृत वैक्सीन या विशेष इलाज उपलब्ध नहीं है।
इबोला संक्रमित व्यक्ति के शरीर के तरल पदार्थों जैसे खून, उल्टी और वीर्य के जरिए फैलता है। इसके लक्षणों में तेज बुखार, सिरदर्द, मांसपेशियों में दर्द, कमजोरी, उल्टी, दस्त, पेट दर्द और शरीर से असामान्य रक्तस्राव शामिल हैं।
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