केरल में बारिश बनी आफत, बाढ़-भूस्खलन से 6 की मौत; दिल्ली-यूपी में भारी बारिश की चेतावनी

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देश के कई हिस्सों में मानसून ने कहर बरपाना शुरू कर दिया है। केरल में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश से बाढ़ और भूस्खलन की घटनाओं में अब तक छह लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कई लोग लापता बताए जा रहे हैं।

दूसरी ओर, दिल्ली-एनसीआर में देर रात हुई बारिश से लोगों को गर्मी से राहत मिली है। वहीं भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।

केरल में बारिश बनी आफत

केरल में शनिवार को हुई भारी बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया। इडुक्की, कोट्टायम, पथनमथिट्टा, कोझिकोड और अन्य जिलों में बाढ़ और भूस्खलन की कई घटनाएं सामने आईं। अधिकारियों के अनुसार, अब तक छह लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि छह अन्य लोगों की तलाश जारी है।

राहत एवं बचाव कार्य के लिए एनडीआरएफ, फायर एंड रेस्क्यू, पुलिस, कोस्ट गार्ड और स्थानीय प्रशासन की टीमें लगातार अभियान चला रही हैं। राज्यभर में 65 राहत शिविर बनाए गए हैं, जहां करीब 1,465 लोगों को सुरक्षित ठहराया गया है। भारी बारिश के कारण कई मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं और कई इलाकों में सड़क संपर्क भी प्रभावित हुआ है। नदियों और जलाशयों का जलस्तर बढ़ने के बाद कुछ बांधों के गेट भी खोलने पड़े हैं।

आठ जिलों में रेड अलर्ट

आईएमडी ने पथनमथिट्टा, कोट्टायम, इडुक्की, मलप्पुरम, कोझिकोड, वायनाड, कन्नूर और कासरगोड जिलों में अत्यधिक भारी बारिश को देखते हुए रेड अलर्ट जारी किया है। वहीं एर्नाकुलम, त्रिशूर और पालक्काड जिलों में ऑरेंज अलर्ट लागू है। प्रशासन ने लोगों से भूस्खलन संभावित क्षेत्रों और नदी-नालों के आसपास जाने से बचने की अपील की है।

दिल्ली-एनसीआर और यूपी में बारिश का अलर्ट

दिल्ली-एनसीआर में शनिवार और रविवार की दरमियानी रात हुई बारिश से मौसम सुहावना हो गया। मौसम विभाग के मुताबिक रविवार को भी राजधानी में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।

उत्तर प्रदेश में भी मौसम करवट लेने वाला है। आईएमडी ने राज्य के सभी 75 जिलों में बारिश, तेज हवाओं और गरज-चमक की संभावना जताते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।

गुजरात में हजारों लोगों का रेस्क्यू

गुजरात के दक्षिण और मध्य हिस्सों में भी लगातार हो रही भारी बारिश से बाढ़ जैसी स्थिति बन गई है। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर करीब 27 हजार लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया है। सूरत जिले के अंबिका क्षेत्र में 24 घंटे के दौरान 611 मिमी बारिश दर्ज की गई।

सूरत, नवसारी, भरूच, तापी, खेड़ा और आनंद जिलों में कई इलाकों में 400 मिमी से अधिक वर्षा रिकॉर्ड की गई। सेना और बचाव दल बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्य में जुटे हैं, जबकि कई गांवों का संपर्क अब भी कटा हुआ है।

असम में राहत, लेकिन खतरा बरकरार

असम में बाढ़ की स्थिति में हल्का सुधार देखने को मिला है। बाढ़ प्रभावित लोगों की संख्या घटकर करीब 1.78 लाख रह गई है, हालांकि राज्य के सात जिले अब भी प्रभावित हैं। अधिकारियों के अनुसार, पिछले 24 घंटों में किसी नई जनहानि की सूचना नहीं मिली है और बाढ़ से मरने वालों का आंकड़ा 82 पर स्थिर है।

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